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योगी 2.0 का पहला बजट विधानसभा में पेश, जानिए क्या है खास

लखनऊ। योगी आदित्यनाथ सरकार की ओर से दूसरे कार्यकाल का पहला बजट गुरुवार को विधानसभा में पेश कर दिया गया। वर्ष 2022-23 के लिए 6.15 लाख करोड़ का बजट पेश किया गया है। बजट में प्रदेश की सुरक्षा व्‍यवस्‍था, मह‍िलाओं की सुरक्षा, युवाओं को नौकरी, क्रष‍ि, सह‍ित सभी सेक्‍टरों में फोकस क‍िया गया है।

वित्त मंत्री सुरेश खन्ना ने यूपी विधानसभा में बजट पेश किया। यह योगी सरकार का छठवां और प्रदेश की भाजपा सरकार के दूसरे कार्यकाल का पहला बजट है, बजट पेश करते हुए उन्होंने का कि योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में लगातार प्रदेश विकास के मार्ग पर बढ़ रही है। हमने माफियाओं पर कार्रवाई की। प्रदेश में विधि व्यवस्था का माहौल बनाया। खन्ना ने कहा कि यूपी की जनता ने हमें दोबारा मौका दिया। इसके लिए हम प्रदेश की जनता का आभार व्यक्त करते हैं।

सुरक्षा को लेकर बजट में किए गए विशेष प्रावधान
प्रदेश में महत्वपूर्ण प्रतिष्ठानों की सुरक्षा के लिए यूपी विशेष सुरक्षा बल का गठन किया गया है, जिसके लिए 276 करोड़ 66 लाख रुपये की व्यवस्था बजट में प्रस्तावित की गई है। मेरठ, बहराइच, कानपुर, आजमगढ़ और रामपुर में एटीएस सेन्टर बनाए जाएंगे।

बोर्ड के गठन के लिए एक करोड़ रुपये की व्यवस्था
वित्त मंत्री सुरेश खन्ना ने कहा कि कुष्ठावस्था विकलांग भरण-पोषण योजना के अंतर्गत 3000 रुपये प्रति माह की दर से 34 करोड़ 50 लाख रुपये की व्यवस्था प्रस्तावित है। मैनुअल स्कॅवेन्जर मृत्यु क्षतिपूर्ति योजना के लिए एक करोड़ 50 लाख रुपये की व्यवस्था प्रस्तावित है। बुजुर्ग पुजारियों, संतों और पुरोहितों के समग्र कल्याण की योजनाओं के क्रियान्वयन के लिए बोर्ड के गठन होगा, इसके लिए एक करोड़ रुपये की व्यवस्था प्रस्तावित है।

अटल आवासीय विद्यालयों की स्थापना के लिए 300 करोड़ की व्यवस्था
वित्त मंत्री सुरेश खन्ना ने कहा कि पंजीकृत निर्माण श्रमिकों के बच्चों और अनाथ बच्चों को कक्षा 6 से 12 तक गुणवत्तापूर्ण निशुल्क आवासीय शिक्षा प्रदान किए जाने के लिए प्रदेश के 18 मंडलों में प्रत्येक मंडल में एक-एक अटल आवासीय विद्यालयों की स्थापना कराई जा रही है। इसके 300 करोड़ रुपये की व्यवस्था प्रस्तावित है।

मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना के लिए 600 करोड़ रुपये
मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना के लिए 600 करोड़ रुपये की व्यवस्था प्रस्तावित है। दिव्यांग भरण-पोषण अनुदान की धनराशि जो वर्ष 2017 के पूर्व मात्र 300 रुपये प्रतिमाह प्रति व्यक्ति थी, इसे बढ़ाकर 1000 रुपये प्रतिमाह कर दिया गया है। प्रदेश के 11 लाख से अधिक दिव्यांगजन इससे लाभान्वित हो रहे हैं। वित्तीय वर्ष 2022-2023 के बजट में योजना के लिए 1000 करोड़ रुपये की व्यवस्था प्रस्तावित है।

सालाना दो मुफ्त गैस सिलेंडर के लिए बजट में प्रावधान
बजट में उज्ज्वला योजना के तहत सालाना दो मुफ्त गैस सिलेंडर देने के साथ ही अंत्योदय कार्ड धारकों को निशुल्क राशन, चना, रिफाइंड तेल और नमक देने के लिए 6571.13 करोड़ रुपए का प्रावधान किया गया है। मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना के तहत 12.68 लाख पात्र लड़कियों को 15,000 रुपए की सहायता देने के लिए बजट में 1200 करोड़ रुपए की व्यवस्था की गयी है। अल्पसंख्यक छात्रों की छात्रवृत्ति के लिए 600 करोड़, मदरसों के आधुनिकीकरण के लिए 479 करोड़ और अल्पसंख्यक बहुत इलाकों के विकास के लिए 508 करोड़ रुपए का प्रावधान किया गया है।

किसानों को लेकर यूपी बजट 2022 की घोषणाएं:

  • किसानों की दुर्घटनावश मौत या दिव्यांगता की दशा में अधिकतम 5 लाख रुपये दिये जाने का प्रावधान है, वित्तीय वर्ष 2022-2023 के बजट में इस योजना हेतु 650 करोड़ रुपये की व्यवस्था प्रस्तावित है।
  • कृषकों को सिंचाई हेतु डीजल विद्युत के स्थान पर वैकल्पिक ऊर्जा प्रबन्धन के अन्तर्गत प्रधानमंत्री किसान ऊर्जा सुरक्षा एवं
  • उत्थान महाभियान योजना के अन्तर्गत कृषकों के प्रक्षेत्रों पर सोलर पम्पों की स्थापना करायी जा रही है।
  • वित्तीय वर्ष 2022-2023 में 15,000 सोलर पम्पों की स्थापना करायी जाएगी।
  • वित्तीय वर्ष 2022-2023 में 60.20 लाख कुन्टल बीजों का वितरण किया जाना प्रस्तावित है।
  • वर्ष 2022-2023 में 119.30 लाख मीट्रिक टन उर्वरक वितरण का लक्ष्य है।
  • 34,307 राजकीय नलकूपों तथा 252 लघु डाल नहरों द्वारा कृषकों को मुफ्त सिंचाई सुविधा उपलब्ध करायी जा रही है।
  • मुख्य मंत्री लघु सिंचाई योजना हेतु 1000 करोड़ रूपये की व्यवस्था प्रस्तावित है।
  • धान का न्यूनतम समर्थन मूल्य 1940 रूपये प्रति क्विंटल और धान ग्रेड ए का न्यूनतम समर्थन मूल्य 1960 रुपये प्रति क्विंटल निर्धारित किया गया। गेहूं का न्यूनतम समर्थन मूल्य 2015 रुपये प्रति क्विंटल निर्धारित किया गया।

बजट की बड़ी घोषणाएं :

  • वृद्धावस्था पेंशन 500 से बढ़ाकर 1000 की गई है।
  • बिजली में रीवैम्प के लिए 31 हजार करोड़ का बजट प्रस्तावित किया गया है।
  • 14 मेडिकल कॉलेजों को 2100 करोड़ का बजट दिया गया है।
  • ग्रीन फील्ड और इंडस्ट्रियल कॉरिडोर के लिए 500 करोड़ का प्रावधान किया गया है।
  • मेरठ-प्रयागराज गंगा एक्सप्रेसवे के लिए 695 करोड़ का प्रावधान किया गया है।
  • पीडब्लूडी की सड़कों के लिए 18500 करोड़ का बजट प्रावधान है।
  • काशी विश्वनाथ राजघाट पुल के लिए 500 करोड़ का बजट प्रावधान किया गया।
  • प्रधानमंत्री गति शक्ति योजना के लिए 897 करोड़ दिए गए हैं।
  • बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे, डिफेंस कॉरिडोर के किनारे विकास कार्य होंगे।
  • बाढ़ नियंत्रण के लिए 2700 करोड़ का बजट प्रस्तावित है।
  • नमामि गंगे में जल जीवन मिशन को 19,500 करोड़ से अधिक प्रस्तावित किया गया है।

महिलाओं को लेकर यूपी बजट में हुई घोषणाएं :

  • प्रदेश के सभी जनपदों के समस्त 1535 थानों पर महिला बीट आरक्षी नामित करते हुए महिला हेल्प डेस्क की स्थापना की गई है।
  • प्रदेश केजिलों में 2740 महिला पुलिस कार्मिकों को 10,370 महिला बीटों का आवंटन किया गया है।
  • लखनऊ, गोरखपुर और बदायूं में तीन महिला पीएसी बटालियन का गठन किया जा रहा है।
  • प्रदेश में जिला स्तर पर साइबर हेल्प डेस्क स्थापना की जा रही है। महिला सामर्थ्य योजना के लिए 72 करोड़ 50 लाख रुपये की व्यवस्था प्रस्तावित की गयी है।
  • बेटी पढ़ाओ, बेटी बचाओं के आवाहन में यूपीएसईई 2018 की 100 टॉपर छात्राओं को लैपटॉप और 100 टॉपर एससी और एसटी छात्राओं को लैपटॉप प्रदान किया गया है।
  • सूक्ष्म एवं लघु उद्योग क्षेत्र में मिशन शक्ति कार्यक्रम के अन्तर्गत महिलाओं की सुरक्षा एवं सशक्तिकरण तथा कौशल विकास हेतु 20 करोड़ रुपये की व्यवस्था प्रस्तावित है।
  • आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों को बेहतर कार्य प्रदर्शन हेतु प्रेरित करने के उद्देश्य से सितम्बर 2021 से 1500 रुपये प्रतिमाह की दर से प्रोत्साहन राशि प्रदान की रही है।

छात्र और युवाओं के लिए बजट में घोषणाएं:

  • 5 साल में 4 लाख नौकरियां देने का लक्ष्य रखा गया है।
  • माध्यमिक शिक्षा में 7540 पदों पर भर्ती की जाएगी।
  • मेडिकल कॉलेजों में 10 हजार पद भरे जाएंगे।

विकास को ऐसे लगेंगे पंख :

  • कल्याण सिंह के नाम पर ग्राम उन्नति योजना चलेगी। इसके तहत गांवों में सोलर लाइट लगेंगे।
  • कानपुर मेट्रो रेल को 747 करोड़ का बजट प्रस्तावित किया गया है।
  • आगरा मेट्रो रेल को 597 करोड़ का बजट पेश किया गया है।
    दिल्ली-गाजियाबाद-मेरठ कॉरिडोर को 1306 करोड़ प्रस्तावित है।
  • बनारस और गोरखपुर में भी मेट्रो रेल शुरू होगी।
    बुंदेलखंड में ग्रीन एनर्जी कॉरिडोर का निर्माण किया जाएगा।
  • बनारस और गोरखपुर मेट्रो के लिए 100 करोड़ का बजट प्रस्तावित किया गया है।
  • स्वच्छ भारत मिशन शहरी के लिए 1353 करोड़ का बजट रखा गया है।
  • बुंदेलखंड की विशेष योजना के लिए 500 करोड़ का बजट प्रस्तावित है।
  • वनटांगिया और मुसहर आवास के लिए 508 करोड़ का बजट प्रावधान किया गया है।
  • पीएम ग्राम सड़क योजना के लिए 7373 करोड़ का बजट रखा गया है।

बजट पेश किए जाने के बाद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रेस कांफ्रेंस में कहा कि यूपी सरकार का बजट आगामी पांच साल का विजन भी है। 2022 के चुनाव से पहले लोक कल्याण संकल्प पत्र जारी किया था। उसके 130 संकल्प में से 97 संकल्प को पहले ही बजट में स्थान दिया है। उसके लिए 94 हजार 830 करोड़ का प्रावधान किया है। 44 संकल्प नए हैं। उज्जवला योजना में लाभार्थियों को साल में दो सिलेंडर मुफ्त दिए जाएंगे। प्राकृतिक खेती को बढ़ावा देने के लिए अगले पांच साल में पूरे बुंदेलखंड को प्राकृतिक खेती से जोड़ा जाएगा। किसानो के लिए पीएम कुसुम योजना के तहत निशुल्क सोलर पैनल उपलब्ध करा रहे हैं। पहले वर्ष 15 हजार किसानों को इसका लाभ मिलेगा। एक हजार करोड़ की लघु सिंचाई योजना का प्रावधान किया है।

वहीं इस पर प्रतिक्रिया देते हुए सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने कहा कि प्रदेश में विकास सिर्फ आंकड़ों में ही दिख रहा है जबकि सच्चाई ये है कि युवा बेरोजगार हैं। भाजपा सरकार में जनता महंगाई और बेरोजगारी से परेशान है। युवाओं के पास रोजगार नहीं हैं। बच्चों की पढ़ाई पूरी तरह बर्बाद कर दी गई है। अखिलेश यादव ने कहा कि सरकार ने वादा किया था कि 2022 तक किसानों की आय दोगुनी हो जाएगी पर ऐसा कुछ भी नहीं हुआ। विकास सिर्फ आंकड़ों में दिख रहा है।

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